होके मायूस ना यूँ शाम की तरह ढलते रहिय... - HindiJokes.Mobi
Himaŋshʋ Gʋpta: 2 years ago

होके मायूस ना यूँ शाम की तरह ढलते रहिये,
ज़िंदगी एक भोर है सूरज की तरह निकलते रहिये,
ठहरोगे एक पाँव पर तो थक जाओगे,
धीरे धीरे ही सही मगर राह पे चलते रहिये।